Coronavirus Bollywood Fashion Sports India Beauty Food Health Global Tales Facts Education & Jobs Cricket World Cup 2023 Science & Tech Others
मूडीज एनालिटिक्स का कोरोना वायरस को लेकर हुआ बड़ा खुलासा

मूडीज एनालिटिक्स का कोरोना वायरस को लेकर हुआ बड़ा खुलासा


As we know there is no cure for coronavirus to date and our scientists and researchers are working day and night to get the cure. First of all, Alldatmatterz urge you to wash your hands regularly and take all precautions to stay away from the virus.

मूडीज़ एनालिटिक्स (Moody Analytics) बिज़नेस लीडर्स को बेहतर, तेज़ निर्णय लेने में मदद करने के लिए फाइनेंसियल इंटेलिजेंस और विश्लेषणात्मक टूल्स के द्वारा जानकारी देता है। मूडीज़ एनालिटिक्स जोखिम को परखने की विशेषज्ञता, विस्तृत सूचना संसाधन और टेक्नोलॉजी के अनुप्रयोग उंनके ग्राहकों को आत्मविश्वासदेते है जिसके कारण वो एक विकसित बाजार में इन्वेस्ट करने में सफल होते हैं। मूडीज़ एनालिटिक्स बिज़नेस वर्ल्ड में एक अग्रणी और पुरस्कार विजेता है जो सटीक समाधान देने में माहिर हैं। ये अपने ग्राहकों यानी बिज़नेस लीडर्स को एक सहज अनुभव प्रदान करने के लिए अनुसंधान, डेटा, सॉफ्टवेयर और अपनी सेवाओं के लिए जाने जाते हैं। हम दुनिया भर में हजारों संगठनों में विश्वास पैदा करते हैं, उत्कृष्टता के लिए हमारी प्रतिबद्धता के साथ, खुली मानसिकता दृष्टिकोण, और ग्राहक की जरूरतों को पूरा करने पर ध्यान केंद्रित करते हैं।

हाल ही में मूडीज एनालिटिक्स (Moody Analytics) ने चीन में फैले कोरोना वायरस को लेकर एक बड़ा खुलासा किया हैं। मूडीज एनालिटिक्स ने कहा कि अगर कोरोनो वायरस महामारी बन जाता है और इटली और कोरिया में होने वाले संक्रमणों के बढ़ने के आसार रहते हे हैं तो वैश्विक मंदी की संभावना बन जाएगी। कोरोना वायरस के महामारी का रूप लेने के कारण वैश्विक अर्थव्यवस्था मंदी (Global Recession) आ सकती है।

                                                              global recession coronavirus

 मूडीज एनालिटिक्स ने क्या बताया कोरोना वायरस के बारे में

  • मूडीज एनालिटिक्स के मुख्य अर्थशास्त्री मार्क जैंडी (Mark M. Zandi) ने बताया की,"कोरोनोवायरस के फैलने से चीनी अर्थव्यवस्था को एक बहुत बड़ा झटका लगा है और जो दुनिया की अर्थव्यवस्था के लिए खतरा बन चुका है। इसकी वजह से पूरी वैश्विक अर्थव्यवस्था को खतरा हो सकता हैं।"
  • मूडीज एनालिटिक्स के अनुसार, " कोविड-19(COVID-19) वैश्विक अर्थव्यवस्था को कई तरीकों से प्रभावित कर रहा है। चीनी व्यापारिक यात्राएं और पर्यटन सभी बंद हो गए हैं, वैश्विक एयरलाइंस चीन नहीं जा रही हैं और ज्यादातर क्रूज लाइन ने अधिकांश एशिया-प्रशांत मार्गों की यात्राओं को रद्द कर दिया हैं। यह मुख्य टूरिज्म स्थलों के लिए एक बड़ी समस्या बन गयी है और अमेरिका के लिए भी जहाँ हर साल लगभग 3 मिलियन चीनी पर्यटक आते हैं।"
  • मूडीज़ एनालिटिक्स ने बताया कि अमेरिका में चीनी पर्यटक ऐसे विदेशी पर्यटकों में आते है जो किसी भी अन्य विदेशी पर्यटकों से सबसे ज्यादा बड़े खर्च करते हैं। कोरोना वायरस के कारण यूरोप में यात्रा का गंभीर रूप से प्रभावित होना निश्चित है क्योंकि मिलान, इटली देश का प्रमुख संक्रमणों का केंद्र हैं और इस महाद्वीप के लिए मिलान एक प्रमुख यात्रा केंद्र है।
  • चीन में फैक्टरियों के बंद होने से कई समस्याएं उत्पन्न हो रही है और खासकर उन कंपनियों के लिए जिन्होंने चीन की मैन्युफैक्चरिंग सप्लाई चैन यूनिट्स में इन्वेस्ट किया। एप्पल (Apple), नाइके (Nike) और जनरल मोटर्स (General Motors) कुछ ख़ास अमेरिकी कंपनियां है जिन्हे इसका नुक्सान हो रहा हैं। ।
  • इस सीजन में कोरोना वायरस के कारण कुछ सामानों की बिक्री और सप्लाई में कमी आएगी जिसका अर्थ यह है कि हमें वॉलमार्ट और अमेज़न जैसे स्टोर्स पर अब यह सामान उच्च दामों पर और कम मात्रा में मिलेगा।
  • अब चीन में कम मांग को देखते हुए अमेरिकी से चीनी निर्यात कम होगा जिसकी वजह से अमेरिका का नुक्सान होगा। सूत्रों के अनुसार, हाल ही में पिछले साल दोनों देशों ने एक डील पर एक व्यापार समझौता किया था जिसके अनुसार चीन को अपने देश में अमेरिकी उत्पादों के अपने आयात को बढ़ाना था।
  • मूडीज एनालिटिक्स के अनुसार, "पहले से ही यह सवाल था कि चीन वास्तव में अमेरिका से कितनी खरीद करता है। अब कोविड-19 के बाद यह सवाल और बड़ा हो गया है। हालाँकि इस मामलें में राष्ट्रपति ट्रम्प ने सुझाव दिया है कि संघीय सरकार घाटे में चलने वाले अमेरिकी किसानों के नुकसान की भरपाई करने के लिए किसी कर में कटौती करेगी।"
  • चीन दुनिया के कई अन्य देशों से कई वस्तुओं जैसे तेल, तांबा, सोयाबीन और सूअर के मांस का सबसे बड़ा खरीदार है लेकिन कोरोना वायरस के प्रकोप से अब इनमें से बहुत कम और कई अन्य चीजों की खरीद होगी, इसके कारण इस सबकी कीमतों में गिरावट आएगी।
  • हालाँकि अमेरिकी लोगों को गैस पंप पर अब कम भुगतान करना होगा लेकिन ऊर्जा, खनन और कृषि उद्योगों में उन्हें अब ज्यादा देना पड़ेगा। उभरती अर्थव्यवस्थाओं विशेष रूप से लैटिन अमेरिका और अफ्रीका जैसे देशों में कहाँ लोग अपनी आजीविका के लिए कमोडिटी उत्पादन पर निर्भर रहते हैं, उनके लिए परेशानी खड़ी हो गयी हैं।
  • मूडीज एनालिटिक्स के अनुसार,"वैश्विक व्यापार अब इस झटके को नहीं झेल पायेगा। उन्हें बिज़नेस कम्पटीशन, ब्रेक्सिट संक्रमण और तेजी से आ रहे अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव के लिए आर्थिक नीति के साथ जूझना पड़ेगा।"
  • उन्होंने आगे बताया, "कोविड-19 के आने से इन बढ़ती हुई चिंताओं की लंबी सूची में एक और नाम जुड़ गया हैं जिससे इस बात की और भी अधिक संभावना बढ़ गयी है कि पहले से सतर्क व्यापार अधिकारी अब नए निवेश और विस्तार योजनाओं को लागूं करने से पहले सोचेंगे। इसके अलावा वो अपने प्रोडक्शन धीमी गति से आगे बढ़ाएंगे क्योंकि अगर वो बहुत जल्दी प्रोडक्शन करवाएंगे तो उनके कार्यकर्ता बीमार पड़ जाते हैं। "

Comments

Trending